बीमार पिता का पेट पालने वाली छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म; भाजपा नेता सहित 3 पर मुकदमा

चंपावत (उत्तराखंड):उत्तराखंड के शांत पहाड़ों को चंपावत की एक घटना ने दहला दिया है। एक तरफ जहाँ राज्य ‘बेटी बचाओ’ का नारा बुलंद कर रहा है, वहीं जिले में एक 10वीं की छात्रा के साथ सामूहिक क्रूरता की ऐसी कहानी सामने आई है जिसे सुनकर रूह कांप जाए।
मेहंदी की रस्म बनी डरावना सपना
छात्रा जिला मुख्यालय से करीब 20 किलोमीटर दूर सल्ली गांव में अपनी एक सहेली की मेहंदी की रस्म में शामिल होने गई थी। आरोप है कि वहां भाजपा मंडल उपाध्यक्ष और पूर्व प्रधान पूरन सिंह रावत ने अपने भतीजे नवीन और एक अन्य साथी विनोद के साथ मिलकर छात्रा को अपनी हवस का शिकार बनाया।
बंधक बनाकर छोड़ा, फोन भी छीना
आरोपियों की क्रूरता यहीं खत्म नहीं हुई। दुष्कर्म के बाद जब पीड़िता ने घर पर संपर्क करने की कोशिश की, तो आरोपियों ने उसका मोबाइल छीनकर उसे बुरी तरह पीटा। उसे निर्वस्त्र कर हाथ-पैर बांधे गए और कमरे में ताला लगाकर आरोपी फरार हो गए। रात के अंधेरे में पुलिस ने जब कमरे का ताला तोड़ा, तो छात्रा वहां बंधक मिली।
संघर्ष की मिसाल है पीड़िता
यह घटना इसलिए और भी मर्माहत करने वाली है क्योंकि पीड़िता बेहद गरीब परिवार से है।
आजीविका: वह चंपावत की एक दुकान पर आइसक्रीम बेचकर घर चलाती है।
जिम्मेदारी: वह न केवल अपनी पढ़ाई का खर्च उठाती है, बल्कि अपने 70 वर्षीय बीमार पिता का इलाज भी करा रही है।
पारिवारिक पृष्ठभूमि: पिता ने बताया कि 52 साल की उम्र में उन्हें यह बेटी मिली थी, जिसकी माँ का साया बचपन में ही सिर से उठ गया था।
पुलिस की कार्रवाई और धाराएं
पुलिस अधीक्षक रेखा यादव ने कड़ा रुख अपनाते हुए आरोपियों के खिलाफ शिकंजा कस दिया है।
आरोपी: पूरन सिंह रावत (भाजपा नेता), नवीन सिंह (डेयरी संचालक) और विनोद सिंह (छात्र)।
धाराएं: भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 70(2), 127(2), 351(2) और पॉक्सो एक्ट (POCSO) की धारा 5/G6।
रेखा यादव, SP चंपावत ने बताया कि “हमने फील्ड यूनिट के जरिए मौके से साक्ष्य जुटा लिए हैं। पीड़िता की काउंसलिंग कराई जा रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है, किसी को बख्शा नहीं जाएगा।”




