मंत्रिमंडल विस्तार के बाद पुष्कर सिंह धामी सरकार की पहली कैबिनेट बैठक, 16 महत्वपूर्ण फैसले लिए गए

देहरादून: मंत्रिमंडल विस्तार के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में बुधवार को राज्य सचिवालय में पहली कैबिनेट बैठक आयोजित की गई। बैठक में कुल 16 महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए, जिनमें पूर्व सैनिकों, किसानों, न्यायिक अधिकारियों और विभिन्न विभागों से जुड़े कई अहम फैसले शामिल हैं।
वैश्विक परिस्थितियों पर रणनीति
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि मिडिल ईस्ट में युद्ध और वैश्विक परिस्थितियों के कारण उत्पन्न चुनौतियों का सामना करने के लिए सभी उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग किया जाएगा। उन्होंने कहा, “यह एक वैश्विक संकट है, ऐसे समय में हमें मिलकर काम करना होगा। हम इस चुनौती का भी सामना करेंगे और आगे बढ़ेंगे।”
पूर्व सैनिकों और अग्निवीरों के लिए ‘वीर उद्यमी योजना’
कैबिनेट ने पूर्व सैनिकों और अग्निवीरों के लिए ‘वीर उद्यमी योजना’ को मंजूरी दी। इस योजना के तहत उद्योग स्थापित करने वाले पूर्व सैनिकों और अग्निवीरों को 5 प्रतिशत अतिरिक्त सब्सिडी दी जाएगी, जिससे उन्हें स्वरोजगार के लिए प्रोत्साहन मिलेगा।
पीएम सूर्या घर योजना में सब्सिडी विवाद का समाधान
कैबिनेट ने पीएम सूर्या घर योजना के तहत सब्सिडी को लेकर चल रहे विवाद को समाप्त कर दिया। अब 31 मार्च 2025 तक लगाए गए सभी प्लांट्स को सब्सिडी का लाभ मिलेगा।
न्यायिक अधिकारियों को आसान लोन
राज्य सरकार ने न्यायिक अधिकारियों को वाहन खरीदने के लिए 4% ब्याज दर पर 10 लाख रुपये तक का लोन देने का निर्णय लिया।
भर्ती नियमों में बदलाव
पुलिस, वन और आबकारी विभागों में भर्ती पुरानी नियमावली के अनुसार की जाएगी। सिपाही और दरोगा भर्ती में उम्र और हाइट के पुराने नियम लागू रहेंगे। नए नियम 2029 से लागू होंगे।
शिक्षकों और वन विभाग कर्मचारियों के लिए फैसले
अशासकीय स्कूलों के शिक्षकों को उनकी पुरानी सेवा का लाभ देने के लिए मंत्रिमंडलीय उपसमिति का गठन किया गया। वन विभाग के कर्मचारियों को 22 साल की सेवा पर मुख्य प्रशासनिक अधिकारी बनाया जाएगा, जबकि पहले इसके लिए 25 साल की सेवा अनिवार्य थी।
किसानों के लिए राहत
राज्य सरकार ने गेहूं की खरीद के लिए 2558 रुपये प्रति क्विंटल दर तय की। मंडियों को निर्देश दिया गया कि वे 2% से अधिक शुल्क नहीं वसूलें।




